Meri Dusri Chudaayi Hindu Lund Se – Muslim sex story

हाय, मैं समीरा बेगम आप लोगों के सामने हाजिर हूँ अपनी दूसरी कहानी लेकर, उम्मीद है आप लोगों को मज़ा आएगा!

मैंने पहली कहानी में बताया था कि मैं रोहित से चुदवाई थी! Meri Dusri Chudaayi Hindu Lund Seमैं उस की गर्लफ्रेंड बनकर 4 महीने बाद हमारा ब्रेक अप हुआ (पर्सनल डिटेल्स शेयर नहीं कर रही हूँ)। उसने मुझे बहुत मज़े दिए, हम 4 बार सेक्स किए थे।

यह कहानी ब्रेक अप के 6 महीने बाद की है

रोहित से ब्रेक अप होने पर मुझे कॉलेज बदलना पड़ा, क्यों कि जब भी मैं कॉलेज जाती थी तो उसी की याद आती थी। मैंने अपने विला में नामी कॉलेज में अपना एडमिशन करवाया था। मेरी दोस्त वहीं जाती थी। वह जॉइन होकर 2 महीने हुए, लड़के बहुत हॉट थे उन्हें देखते देखते ही मन में सोचने लगती थी।

कॉलेज में फेस्ट चल रहा था, वह सब लोग वेस्टर्न कपड़ों में मौजू थे, मैं अपनी सलवार कमीज में थी और बुर्का पहनी हुई थी। तब मेरी दोस्त सलेहा आई। वो जींस टी शर्ट पहनी हुई थी। उसने कहा “समीरा?? तुम क्या कर रहे हो?” मैं शॉक हुई उसे पहली बार जींस में देखकर आपने कहा “कुछ नहीं, तू तो सेक्सी लग रही है” उसने मेरा हाथ पकड़ कर कहा “समीरा तुझे नहीं आज फेस्ट है?” मैंने कहा “हाँ है। तो?” उसने कहा “तू बुर्का पहनी हुई है” मैं शर्मा गई और बोल पड़ी “सलेहा में अपनी ज़िंदगी में आज तक कभी बिना बुर्का पहने बाहर नहीं निकली” उसने कहा “चल आज निकालेंगे” और ज़बरदस्ती करते हुए वो मेरे बुर्का निकाल दिए। मुझे अजीब लग रहा था, ऐसा लग रहा था जैसे मैं बाहर नंगी खड़ी हूँ! उसने फिर मुझे देखकर घुससे से कहा “समीरा शायद तू पागल हो चुकी है” मैं शॉक हुई। उसने फिर बोली “समीरा चल मैं तुझे इस सलवार कमीज से चेंज करवाऊंगी, और आज तू फ्री होगी” मैं उसे देखते ही रहूंगी, वो मुझे जींस और टी शर्ट पहनना चाह रही थी। मेरे दिल में एक खिसम का एक्साइटमेंट आने लगा और मैंने हाँ बोल दी। उसने जल्दी मुझे गाड़ी पर बिठाकर शॉपिंग ले गई। वहाँ जाकर उसने मुझे जींस शॉर्ट्स बताई। मैंने कहा नहीं है कि मुझ पर नहीं जम पाएगा। उसने जबरदस्ती करते हुए मुझे शॉर्ट ट्राई करने लगाई। पहनने के बाद उसने मेरी फोटो खींची में घुसा हुई और कहा “सलेहा तू ये क्या कर रही है? कोई देखेगा तो?” उसने कहा “कुछ नहीं होगा टेंशन मत ले” और फिर उसने मुझे एक टी-शर्ट दिलाई ब्लैक कलर की। फिर वो मुझे रेड ब्रा और पैंटी पहनाई। मैंने सलवार कमीज, बुर्का अपने बैग में रख दी और वैसे ही शॉर्ट और टैंक टॉप में नहीं पहनी। हम कॉलेज पहुँचें। मुझे अजीब लग रहा था

थोड़ा टाइम गुज़रा वह मेरी क्लास का लड़का आया उसका नाम राजेश था। वह थोड़ा काला था और मूंछ भी थी। उसने कहा “समीरा? क्या यह सही में तू है?” मैं ने शर्माते हुए कहा “हाँ, क्यों?” उसने कहा “तू तो बम लग रही है, तुझे आज तक बिना बुर्का नहीं देखा है मैंने।” हम ऐसी ही बातें करते रहे। दिन गुज़र गया, वो मुझे घर पर अपनी कार में ड्रॉप करना चाहता था। मैं ठीक बोलकर उसकी कार में बैठ गई। मैं भूल गई कि मैं शॉर्ट्स पहनी हुई थी। याद आते ही उसको कहा “राजेश, मैं कपड़े चेंज करना भूल गई” उसने कहा पीछे वाली सीट में चेंज कर ले। मुझे कोई और रास्ता नहीं था। मैं पीछे वाली सीट पर जाकर उसको कहा “राजेश तुम मुझे मत देखना” उसने कहा “ठीक है”। मैं अपनी टी-शर्ट निकाली और अपनी कमीज पहनने लगी। राजेश अपनी रियर व्यू मिरर से सब देख रहा था। मुझे पता नहीं था। कमीज पहनकर अपनी छोटी निकालते वक्त देखी तो वो मुझे रियर व्यू मिरर से घूर कर देख रहा था। उसके नज़रों से पता चल रहा था कि वो हवस से मुझे देख रहा था। मैं उसे देख कर थोड़ा सेक्सी अंदाज़ में अपनी छोटी निकाली और सलवार पहनली। बुर्का पहनकर सामने वाली सीट पर बैठ गई। मैंने उसकी तरफ देखी तो मेरी नज़र सीधे उसके पैंट पर गई। उसके पैंट में टेंट बना हुआ था। वो मुझे घर पर ड्रॉप किया और चला गया। रात भर मैं सिर्फ उसे याद करती और अपनी चूत में उंगली करती रही।

दूसरे दिन मैं वापस अपने बुर्के में चली गई तो राजेश ने देखकर कहा “समीरा काश तुम वैसे कपड़े रोज़ पहनती” मैंने हस कर खामुश बैठ गई। फिर उसने मेरा नंबर लिया और कहाँ “रात को कॉल करूँगा।”

उसने मुझे रात में कॉल किया और कहा “तुम मेरी गर्लफ्रेंड बनोगी?” मैं एक्साइट हुई सुनकर, फिर उसको कहा “राजेश, तुम हिंदू हो और मैं मुस्लिम, ना तुम्हारी फैमिली मानेगी ना मेरी” उसने कहा “टेंशन मत ले समीरा मैं तुझे सेफ रखूंगा” मैं अपनी रिलक्टेंस बताती रही। उसने कहा “देख समीरा तेरी दोस्त सलेहा एक हिंदू की गर्लफ्रेंड है, वो कुछ प्रॉब्लम नहीं करती, अगर तुझे बनना है तो बोल कोई ज़बरदस्ती नहीं।” मैंने कहा “ओके बाबा बनूंगी” वैसे ही 2 हफ़्ते गुज़रे। उसकी बर्थडे के लिए 2 दिन थे।

हम उतना करीब नहीं हुए थे तो मुझे पता नहीं था उसे क्या गिफ्ट करूं। मैंने राजेश को पूछा “राजेश तुझे गिफ्ट में क्या चाहिए?” उसने कहा “कुछ नहीं समीरा, तू ही बस है” फिर मुझे एक अच्छा आइडिया आया। उस रात मेरी फैमिली कोई दावत में जाने वाले थे तो क्यों ना इसे मेरे बदन को गिफ्ट कर दूं? वैसे ही जैसा प्लान था उसे अपने घर बुलावे पर कॉल की, और सेक्सी लॉन्जरी पहनी। वो घंटी मारते ही मैंने पहले छेद से देखा, कोई और तो ना हो। पर वो राजेश ही था। मैंने अपना रोब खोल कर दूर खोला। वो मुझे बस देखता रहा। मैं उसे अंदर बुलाई, और अपना रोब निकाल दी। अब मैं अपने लॉन्जरी में थी। राजेश को पूछी “चाय या कॉफी?” वो बस मुझे देखता रहा। थोड़ी देर बाद उसने कहाँ चाय। ​​मैं किचन में गई और चाय बनाने लगी। थोड़ी देर बाद राजेश मुझे पीछे से गले लगाया और कहा “समीरा मेरी जान चाय तैयार है?” मुझे उसके पैंट में से उसका लंड महसूस हो रहा था और कहा “हाँ तैयार होगी।” हमने चाय पी, पीने के बाद वो मुझे कहा “समीरा, तू कब से गरम थी?” मैंने कहा “जब तुमने मुझे कार में कपड़े बदलते हुए देखा जब से” वो खामुश बैठ गया और मेरे पास आकर बैठ गया। मैं बोल पड़ी “राजेश मुझे गंदी बातें करके मुझे बहुत पसंद है” बोलकर उसको किस किया। उसने कहा “मुझे पता था समीरा तू एक बड़ी रंडी है, तेरी दोस्त सलेहा को मैंने ही कहा था तुझे शॉर्ट और टी शर्ट पहनने को, और उसने मुझे तेरी फोटो भेज दी थी” मैं सुनकर शॉक हुई, पर मैं जब गरम हो रही थी। मैंने सब कुछ भूल गई और उसको अपने बेडरूम को ले गई। जाते जाते वो मेरे चूतड़ों को मरता था। कमरा खोल कर अंदर गए फिर उसने उसकी शर्ट निकाल कर खड़ा हो गया और कहा “छिनाल भैंस की लोड़ी, अपनी चूतड़ को बिस्तर से उठा और तेरे धागे के पास चलती आ” उसकी गंदी बातें सुनकर मेरी साँसें फूलने लगी। मैं उठी और उसको चिपकाने लगी, फिर उसने मुझे किस किया और कहा “साली तू तो बहुत गरम हो गई है” मैंने कहा “मेरे राजा राजेश हैप्पी बर्थडे, और मेरा बदन तेरा गिफ्ट है, तू जो चाहता कर” वो हंसने लगा और मेरी चूत को ज़ोर से पकड़ा “तू तो मेरी रखेल बन गई है” मैंने कहा “आपका हुकुम सरकार” उसने कहा “चल छिनाल माकी लोड़ी मेरा पैंट खोल” इसलिए उसके बदन को किस करते हुए उसकी पैंट का बटन खोल कर अपनी दांत से उसकी ज़िप पकड़ कर खोलने लगी। और देखते देखते उसका लंड बड़ा हो गया, फिर उसका पैंट उतार कर उसके लंड को उसकी सफेद अंडरवियर पर से किस करने लगी, किस कर के उसकी अंडरवियर को लाल कर दिया अपनी लिपस्टिक से। फिर उसने अंडरवियर निकाल कर उसके लंड को आज़ाद कर दिया। मैं अपना मुँह खुला रख कर दंग रह गई उसका लंड 7 इंच का था और रोहित से थोड़ा मोटा भी। चमड़ी उसके टिप तक थी। मैं देखते ही रह गई वो उसका लंड मेरे मुँह में घुसा दिया, सीधा हॉल्क को लगा, वो हँसा हुआ कहा “मेरी छिनाल अच्छे से चूस” बोलकर मुझे थप्पड़ मारने लगा। मेरे गाल को लाल कर दिया मार कर। मुझे सांस लेने में मुश्किल हो रही थी। उसने और अंदर डालने की कोशिश कर रहा था। और कहाँ “रंडी तेरी आँखें मेरी तरफ कर” मैंने ने ऊपर उसकी आँखों में देखी तो उसकी आँखों में हवस दिख रहा था। उसने लंड निकाला और कहाँ “कैसा रहा?” मैं कुछ बोलने ही वाली थी उसने फिर मेरे मुँह में लंड घुसा दिया और हँसने लगा। Muslim sex story फिर मैंने उसके लंड को थूक दिया। मेरा मुँह में थूक गया था। मेरा मस्करा खराब हो गया था आँसू से। उसने मेरे बालों से पकड़ा और उठाकर बिस्तर पर फेंक दिया। फेंक कर उसने मेरी ब्रा को अपने हाथों से फाड़ दिया और ज़ोर ज़ोर से काटने लगा। पूरा जानवर बन चुका था, मुझे डर होने लगा कि यह मुझे आज छोड़ छोड़ का मार डालेगा। उसने फिर मेरी पैंटी बी ज़ोर से खींच कर फाड़ दी। फाड़ कर कहा “माकी लोदी देख तेरे मुस्लिम बदन पर से कैसे कपड़े फाड़ रहा हूँ” मैं कुछ नहीं बोली और वो मेरी चूत को चाटने लगा। वो उसकी जुबान से पागल कर रहा था। उसने 1 नहीं 2 नहीं 3 उंगली घुसाई और ज़ोर ज़ोर से मारने लगा। मैं तड़पती हुई आवाज़ें निकाल रही थी आआआआआआआआआआआआआआ नाजाने मैंने कहड़ियाँ “और ज़ोर मार” उसने हस्कर और ज़ोर से मार डाला, छूट का गीला पान और उंगलियों के ज़ोर से “पच पच” आवाज़ें आ रही थीं।

उसने उठाया और कहा, “भैन की लोड़ी, मेरा लंड खड़ा है, तू अपने पैर खोल कर मेरे लंड को शांत कर” मैं बस देखते ही रह गई और कुछ ना बोल सकी, उसने घुसे में आया और कहा “छिनाल सुनाए नहीं दिया तुझे?” फिर मैंने कहा “राजेश मेरे धड़के मैं तेरी रखें, तेरा मुझ पर राज, तू मुझे क्यों पूछ रहा है, बस अपने तख्तवार हाथ से खोल दे पैर और अपने लंड को घुसकर फाड़ दे मेरी चूत” उसने और जोश में आया और मेरे चूचियों को मारते-मारते मेरे पैर खोले और कहाँ “तैयार?” मैं बोलने ही वाली थी कि हल्लू घुस, पर वो मेरी न सुनी और एक दम पूरी ताकत से चूत पर लंड का सुपाड़ा रख कर घुसा दिया, उसका लंड आधा घुस गया। मैंने आज तक इतना बड़ा और मोटा लंड नहीं लिया था। मैं कहा “धीरे होजा” उसने मेरी एक न सुनी और सीधा पूरा लंड अंदर घुसा दिया, उसके बाल मेरे समोसे को लग रहे थे, मैं दर्द के मारे उसके नीचे तड़प रही थी और वो थोड़ी देर रुक गया। फिर हल्लू हल्लू झटके मारने लगा। अपनी रफ़्तार बढ़ा रहा था। मैं ने कहा “अब क्या हुआ जब से जानवर बनकर मज़े दे रहा था अब क्यों धीरे हुआ?” उसमें घुसकर आया मेरे चूचियों को कोमज़ोर ज़ोर से काट ते हुए कहा “माकी लोड़ी ये ले” बोलका ज़ोर ज़ोर से धक्के मारने लगा। मैं दर्द भूल कर उसकी घोश में पिगल गई। वो मुझे मार गया मैं भी उसका साथ देते हुए आवाज़ें निकालने लगी आआआआह आआआहा आहहाआआ सारे घर में आवाज़ गूंज रही थी। बिस्तर की आवाज़ें आ रही थीं।

उसने मुझे उठाया फिर कहा “अब तू मेरे लंड पर बैठ और मज़े ले इस हिंदू त्रिशूल का” मैं बैठती ही उसका लंड सीधे मेरे बच्चे दानी को मारने लगा, अजीब लग रहा था। मैं अपनी चूत लेकर उछल रही थी। वो मेरे चुचियों को दबा रहा था। कुछ देर बाद उसने कहा मैं झड़ रहा हूँ बोलकर अंदर ही छोड़ आया। इस दरमियान में 5 बात झड़ गई थी। फिर हम दोनों नहाने लगे तब मुझे दर्द महसूस हुआ। मुझे चलने में दर्द हो रहा था। उसने मुझे गोदी में उठाकर बिस्तर पर लिटा दिया और बाजू में ला दिया। हम थोड़ी देर बातें करते रहे फिर 12 बजे ही उसे हैप्पी बर्थडे बोलकर किस किया। उसने ज़ोर से मेरे होंठों को कतरा और कहा यह मेरा सबसे अच्छा गिफ्ट था। घाट वालों का लौटने का टाइम हो रहा था। मैंने कहा “राजू अब मेरी फैमिली आती ही होगी, तुम जाओ, हम कल कॉलेज में मिलेंगे” उसने कहा “पिल लेकर दूंगा” मैंने बोली “नो नीड मेरे पास है” वह हँसा और कहा “रंडी है तू साली, मस्त गरम रंडी” बोलकर चुची को मारा और कपड़े पहन कर जाने लगा मैं उसे छोड़ने उठी, पर दर्द की वजह से चल नहीं सकी। उसने किस किया और कहा “जानू तुम आज मेरे अंरूनी जानवर को संभालो अब मैं तुमको संभालूंगा” बोलकर किस करा और कहा “तुम बिस्तर में ही लाती रहना दर्द कम हो जाएगा” बोलकर चलागया।

मेरी शादी तक उसी राजेश से चुदती रही।antarvasnax

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